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आंखों का रखें ख्‍याल और रहें स्‍वस्‍थ | Take care of eyes and stay healthy



आंखों के बगैर जीवन कैसा होता है, इसकी कल्‍पना से ही दिल कांप जाता है। वैसे तो ईश्‍वर से कितनी ही शिकायतें हैं लेकिन जब हम स्‍वयं के बारे में सोचते हैं, और अपने स्‍वयं को देखते हैं कि ईश्‍वर ने हमें स्‍वस्‍थ परिपूर्ण शरीर दिया हैं तो मन, ईश्‍वर के प्रति भाव-विभोर हो जाता है। ईश्‍वर के हर आशीर्वाद की कद्र करनी चाहिए और उसकी उचित देखभाल करनी चाहिए। आंखें हमारे शरीर के सबसे संवेदनशील हिस्सा हैं जो प्रदूषण, काम का बोझ, थकान आदि के कारण विभिन्न समस्याओं से पीड़ित हो सकती हैं।

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हमारे शरीर का आंखें महत्‍वपूर्ण अंग हैं। इनके बिना जीवन में अंधकार ही अंधकार है। आंखों के बगैर जीवन कैसा होता है, इसकी कल्‍पना से दिल कांप जाता है। वैसे तो ईश्‍वर से कितनी ही शिकायतें हैं लेकिन जब हम स्‍वयं के बारे में सोचते हैं, और अपने स्‍वयं को देखते हैं कि ईश्‍वर ने हमें स्‍वस्‍थ परिपूर्ण शरीर दिया हैं तो मन, ईश्‍वर के प्रति भाव-विभोर हो जाता है। हमें ईश्‍वर के हर आशीर्वाद की कद्र करनी चाहिए और उसकी उचित देखभाल करनी चाहिए। आंखें शरीर का सबसे संवेदनशील हिस्सा हैं जो प्रदूषण, काम का बोझ, थकान आदि के कारण विभिन्न समस्याओं से पीड़ित हो सकती हैं। जब आप सुबह अपना चेहरा धोते हैं तो आंखों पर कई बार पानी के छींटे मारें। यह टिप्‍स, परिपक्व उम्र तक पूर्ण दृष्टि बनाए रखने में मदद करेगा।



स्वस्थ आंखों के लिए सुनहरे टिप्स

  • सोने से पहले रोजाना अपनी आंखों को ठंडे पानी से धोएं।

  • कभी भी सीधे सूर्य की ओर नंगी आंखों से न देखें।

  • आंखों पर बार-बार मस्कारा लगाने से बचें।

  • जब आप पढ़ते हैं, तो प्रकाश को अपनी बाईं ओर से पुस्तक या कागज पर पड़ने दें।

  • कभी भी कम या कम रोशनी में न पढ़ें।

  • आप जो किताब या कागज पढ़ते हैं वह आपकी आंखों से करीब 15 इंच की दूरी पर हो।

  • यात्रा के दौरान न पढ़ें।

  • पढ़ते समय अपनी आँखें बार-बार बंद करके खोलें।

  • ऐसा चश्मा न पहनें जो फटा, खरोंच या गंदा हो।

  • हेयर डाई के इस्तेमाल से आंखों पर बुरा असर पड़ेगा। जहां तक ​​हो सके मेहंदी जैसे प्राकृतिक रंगों का प्रयोग करें।

आँखों में जलन होने पर यह टिप्‍स अपनाएं

  • एक चम्‍मच खसखस को रात दूध में भिगो दें। एक प्याज को 1 चम्मच काली मिर्च और आधा कप दूध में भिगोए हुए खसखस ​​के साथ पीस लें। इस पेस्ट को सिर पर लगाएं। इसे 15-20 मिनट तक सूखने दें। गर्म पानी में धो लें।

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  • लौकी का रस और तिल का तेल (तिल का तेल) 4:1 के अनुपात में मिलाएं और तब तक गर्म करें जब तक नमी पूरी तरह से वाष्पित न हो जाए। ठंडा होने पर इसका इस्तेमाल सिर की मालिश के लिए करें।

  • आंखों में जलन के लिए एक कप सादे पानी में 1 बड़ा चम्मच गुलाब जल (गुलाब जल) मिलाकर दिन में 2-3 बार आंखों को धोएं।


आंखों के चारों ओर काले घेरे हैं

  • एक चम्मच टमाटर का रस, आधा चम्मच नींबू का रस, एक चुटकी हल्दी (हल्दी) पाउडर और थोड़ा सा बेसन लें। पेस्ट बनाएं और आंखों के काले घेरों पर लगाएं। 10 मिनट के लिए छोड़ दें और धो लें।

  • टमाटर के रस में कुछ पुदीने की पत्तियां, थोड़ा नींबू का रस और नमक मिलाकर पिएं।

  • रूई को खीरे (खीरा) या आलू के रस में भिगोकर आंखों के आसपास लगाएं। 2-3 हफ्ते में आपको बदलाव नजर आने लगेगा।

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आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए

  • इलायची के बीज (छोटी इलाइची) में 1 बड़ा चम्मच शहद मिलाएं। हर दिन खाओ।

  • 40 दिन की चिकित्सा - बादाम (बादाम), साफ की हुई सौंफ (मोटी सौंफ) और मिश्री (मिश्री) बराबर मात्रा में मिलाएं। सभी को एक साथ पीसकर पाउडर बना लें और कांच की बोतल में भरकर रख लें। रोज रात को सोने से पहले 1 गिलास दूध में 1 बड़ा चम्मच इस मिश्रण को मिलाकर पिएं। 40 दिनों तक जारी रखें और खुद देखें परिणाम! बच्चों के लिए मात्रा को आधा कर दें। इस ड्रिंक को पीने के बाद कम से कम 2 घंटे तक पानी न पिएं।



आंख पर जोर पडने पर यह उपाय करें

  • किसी भी तरह का काम जिससे आंखों में खिंचाव होता है जैसे कि लंबे समय तक पढ़ना या कंप्यूटर पर काम करना, हर एक घंटे के बाद 2 मिनट के लिए अपनी आंखों को दूर (दूर) की वस्तु पर केंद्रित करने से राहत मिल सकती है।

  • जब आंखें थक जाती हैं तो 10 मिनट से ज्यादा एक अंधेरे कमरे में पूरा आराम करने से ज्यादा कुछ नहीं होता। यह तनाव से राहत देता है और मांसपेशियों को आराम देता है।


पामिंग

  • को आराम देने का एक शानदार तरीका ऐसा है, अपनी आँखें बंद करें, बहुत हल्के से नहीं, बल्कि सिर्फ इसलिए कि पलकें स्वाभाविक रूप से और आसानी से गिरें। अब अपनी हथेलियों को कप के आकार का बनायें और उन्हें धीरे से बंद आंखों के ऊपर रखें। इसे दिन में कुछ पल के लिए करें।

  • एक कप पानी में आधा छोटा चम्मच सौंफ को आधा होने तक उबालें। ढककर ठंडा होने के लिए एक तरफ रख दें। एक अच्छी छलनी से छान लें। आई ड्रॉप के रूप में प्रयोग करें।

  • सेब के छिलके को पानी के साथ कुछ मिनट तक उबालें। शहद के साथ छानकर मीठा करें। आंखों की सभी समस्याओं में लाभकारी परिणामों के लिए इसे पीएं तथा इसे आई वॉश के रूप में इस्तेमाल करें।



  • दादी-नानी शुरू से ही अच्छी आंखों और सेहत के लिए आंवला मुरब्बा खाने की सलाह देती रही हैं। गर्भवती महिलाओं के लिए भी यह लाभकारी है। उपरोक्त दोनों स्थितियों में, यह उच्च औषधीय के रूप में लाभदायक है।

  • आम, विटामिन ए से भरपूर होते हैं और इसलिए इनका सेवन विभिन्न नेत्र विकारों में बहुत फायदेमंद होता है। कुपोषित बच्चों में रतौंधी होना बहुत आम है, यह विटामिन ए की कमी के कारण होता है। इन रोगियों को आम के उदार सेवन से बहुत लाभ होता है।


एक कहावत है जैसा अन्‍न, वैसा तन, वैसा ही मन। एक कहावत बिल्‍कुल सही है, हम जो भी खाते हैं, उसका प्रभाव हमारे शरीर, मन, मस्तिष्‍क पर पडता ही है। असंतुलित भोजन से हम अस्‍वस्‍थ हो जाते हैं, इसलिए हमें अपना भोजन और दिनचर्या को संतुलित रखना चाहिए, हम स्‍वस्‍थ रह सकें।

  • स्वस्थ, संतुलित आहार लें।

  • स्वस्थ वजन बनाए रखें।

  • नियमित व्यायाम करें।

  • धूप के चश्मे पहने।

  • सुरक्षात्मक आई वियर पहनें।

  • धूम्रपान से बचें।

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